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आयुक्त महोदय ने की 22 मामलों में सुनवाई एवं जी डी गोयनका स्कुल के प्राचार्य को आने का निर्देश।

गया से धीरज गुप्ता:–


गया लोक शिकायत निवारण अधिकार अधिनियम 2015 के अंतर्गत प्रथम अपीलीय लोक प्राधिकार आयुक्त, मगध प्रमंडल, गया, असंगबा चुबा आओ द्वारा कुल 22 मामलों में सुनवाई की गई। जिनमें कई मामलों का निवारण ऑन द स्पॉट किया गया है।
परिवादी पिंटू कुमार ने नगर निगम के जमीन पर खटाल खोलने एवं अतिक्रमण होने पर अपील दायर की गयी थी।

आज सुनवाई के दौरान परिवादी पिंटू कुमार के भाई रोहित शर्मा ने बताया कि अब तक सरकारी जमीन में अतिक्रमण कर बनाए गए खटाल को नहीं हटाया गया है। आयुक्त ने उपस्थित नगर निगम के सिटी मैनेजर को अगली सुनवाई की तिथि में उस संबंधित जमीन का फोटो एवं अतिक्रमण किए गए जमीन का फोटो एवं कागजात उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है इस परिवादी  चंद्रशेखर सिंह ने आम रास्ते के जमीन को अतिक्रमण करने के संबंध में मामला दायर की गयी थी सुनवाई के दौरान परिवादी द्वारा बताया गया कि आयुक्त ने पिछली सुनवाई की तिथि में नगर निगम के द्वारा स्थल जांच कराने का निर्देश दिया गया था परंतु अब तक कोई भी निगम के पदाधिकारी स्थल जांच नहीं किए हैं आयुक्त ने इस मामला को जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी को पुनः सुनवाई करने का निर्देश दिया गया है परिवादी रामजी प्रसाद द्वारा जिला भू अर्जन कार्यालय अरवल द्वारा जमीन का वास्तविक मुआवजा नहीं देने के संबंध में अपील दायर की गयी थी। इस सुनवाई के दौरान जिला भू अर्जन पदाधिकारी अरवल ने बताया कि इनका मामला टाइटल सूट में चल रहा है आयुक्त ने इस मामले को टाइटल सूट में रहने के कारण खारिज किया गया है परिवादी रवि कुमार द्वारा जिला कल्याण विभाग अरवल द्वारा अनुदान की राशि नहीं मिलने के संबंध में अपील दायर की गयी थी और आज इस सुनवाई के क्रम में जिला कल्याण पदाधिकारी अरवल द्वारा बताया गया कि यह मामला 2016-17 से पेंडिंग है इस संबंध में विभाग को कई बार पत्र भेजे जा चुके हैं उन्होंने कहा कि यह मामला विभाग स्तर से लंबित है उन्होंने कहा कि जितनी जल्दी विभाग द्वारा आवंटन प्राप्त होगा अभिलंब इन्हें बैंक खाते में राशि उपलब्ध करा दी जाएगी। आयुक्त  ने लोक शिकायत के तहत कल्याण विभाग को चिट्ठी भेजने का निर्देश दिया ताकि अभिलाषी को अविलंब अनुदान की राशि प्राप्त हो सके एवं *परिवादी राजेश कुमार चौधरी ने जी डी गोयनका स्कूल में आरटीई के तहत नामांकित विद्यार्थी को विंटर ड्रेस नहीं उपलब्ध कराने के संबंध में अपील दायर की थी सुनवाई के दौरान उपस्थित परिवादी द्वारा बताया गया कि जी डी गोयनका स्कूल के शिक्षक द्वारा आश्वासन दिया गया था कि विंटर ड्रेस उपलब्ध करा दिया जाएगा परंतु अब तक उपलब्ध नहीं कराया गया है। जबकि आरटीई नियम के तहत जिन विद्यार्थी का एडमिशन आरटीई के तहत होता है उन सभी बच्चों को स्कूल ड्रेस किताब इत्यादि सारा चीज स्कूल द्वारा उपलब्ध कराया जाता है आयुक्त महोदय ने सुनवाई की अगली तिथि में जीडी गोयंका के प्राचार्य एवं जिला शिक्षा पदाधिकारी को उपस्थित रहने का निर्देश दिया गया है उन्होंने कहा कि जी डी गोयनका स्कूल के प्राचार्य आरटीई के तहत नामांकित विद्यार्थियों का समुचित प्रतिवेदन लाने का निर्देश दिया गया है*।

परिवादी शंभू शरण सिंह द्वारा डेयरी ऋण अनुदान के लिए अपील दायर की गयी थी।आज सुनवाई के क्रम में लोक प्राधिकार जिला गव्य विकास पदाधिकारी गया विनोद प्रसाद अनुपस्थित पाए गए हैं। जिसे आयुक्त ने इसे गंभीरता से लेते हुए उनसे स्पष्टीकरण करते हुए अगले आदेश तक जिला गव्य विकास पदाधिकारी विनोद प्रसाद का वेतन अवरुद्ध करने का निर्देश दिया गया है आयुक्त ने कहा कि लोक शिकायत के मामले में लोक प्राधिकार की अनुपस्थिति बर्दाश्त नहीं की जाएगी, यहलोक शिकायत निवारण अधिकार अधिनियम को लेकर सरकार का जीरो टॉलरेंस है।

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